कल मुझे अपने साथ-साथ अजय कुमार झा और शाहनवाज़ सिद्दीकी के तेहरान रेडियो की हिंदी सर्विस को दिए इंटरव्यू भी आपको सुनाने थे…लेकिन फिर सबकी बातें सुनने में ज़्यादा वक्त लगता…इसलिए मैंने... Read more »
रेडियो तेहरान की हिंदी सेवा ने सौहार्द बढ़ाने के उद्देश्य से एक बेहतरीन श्रंखला चलाई…इसी के तहत मेरा इंटरव्यू भी लिया…इसमें मैंने यह बताने की कोशिश की-सांप्रदायिकता हो या दूसरे कोई फसाद, उनकी मार सबसे ज्यादा गरीब तबको को ही सहनी पड़ती है, यह... Read more »
आज की दुनिया को समझना, आज के रिश्तों को समझना…बड़ा मुश्किल है…खास कर हम जैसों के लिए जिन्होंने छोटे शहरों से आकर महानगर को ठिकाना बनाया है…बेसिकली हमारा ढांचा ऐसा बना है... Read more »
इनसान तरक्की के लिए कितना मारा-मारी करता है…लेकिन कुदरत के आगे कैसे सारा विकास एक झटके में बह जाता है, ये ब्लैक फ्राइडे को जापान में दिखा…ज़िंदगी से सराबोर शहर सैंडई को... Read more »
अब इसे ब्लॉगिंग की ताकत कहिए या कुछ ब्लॉगरों की निरंकुशता, सभी ब्लॉगरों की आज़ादी छिनने वाली है…सरकार ब्लॉगिंग में जो कहा-लिखा जा रहा है उसके असर को अच्छी तरह समझ रही... Read more »
आप ये शीर्षक पढ़ कर सोच रहे होंगे कि शायद होली की भांग अभी से चढ़ा ली है…भला पाकिस्तान भारत से बेहतर कैसे…हम ठहरे दुनिया के सबसे बड़े लोकतंत्र और पाकिस्तान- Have... Read more »
महिला असल में चाहती क्या है…इस सवाल का जवाब क्या है…महिला दिवस से पहले एक बहुत खूबसूरत मेल मुझे मिला है…जिसे आप सबसे शेयर करना चाहता हूं…बस मैं इतना कर रहा हूं... Read more »
कल की पोस्ट से आगे… कुछ घंटे की नींद लेने के बाद मैं प्रसन्नचित महसूस करने लगा…अब आई फ्रैश होने की बारी…स्पेस मे फ्रैश होना भी टेढ़ी खीर है…कैसे भला…ये आपको कोई... Read more »
अभी अभी अमेरिका के न्यू मैक्सिको के स्पेसपोर्ट पर वर्जिन गैलेक्टिक एलएलसी की फ्लाइट से इंटरनेशनल स्पेस सेंटर से लौटा हूं…वर्जिन एयरलाइंस के मस्तमौला मालिक सर रिचर्ड ब्रैन्सन का भला हो जिन्होंने... Read more »
कल गुरुदेव समीर लाल जी की पोस्ट से उनके ब्लागिंग में पांच साल पूरे होने का पता चला…संयोग ही है कि कल ही मुझे देशनामा के डैशबोर्ड से पता चला कि आज... Read more »